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नाबालिग का अपहरण कर दुष्‍कर्म करने वाले आरोपी का जमानत आवेदन निरस्‍त

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News by- नीरज बरमेचा 

विशेष लोक अभियोजक (पाक्‍सो एक्‍ट) गौतम परमार ने बताया कि थाना ताल के अपराध क्र. 313/2019 में आरोपी भेरू पिता हीरालाल खारोल उम्र 24 वर्ष निवासी बिसलखेडा (ताल) जिला रतलाम द्वारा विशेष न्यायालय पॉक्सो कोर्ट रतलाम (तरूण सिंह) के समक्ष प्रस्तुत जमानत आवेदन आज दिनांक 16.07.2020  को न्यायालय के द्वारा निरस्त किया गया।

घटना दिनांक 18.11.2019 को अवयस्‍क अभियोक्‍त्री को उसके गॉव से आरोपी भेरू बहला फुसलाकर मोटर सायकिल से बिठाकर ले गया और अभियोक्‍त्री की बरामदगी दिनांक 26.11.2019 तक उसकी इच्‍छा के विरूद्ध उसके साथ कई बार दुष्‍कर्म किया। उक्‍त घटना में आरोपी भेरू का सहयोग अन्‍य आरोपीगण करणसिंह पिता रामाजी, भेरूलाल पिता कारूलाल, शंभूलाल पिता केशुराम, होकमसिंह पिता करणसिंह द्वारा किया गया था। ताल पुलिस द्वारा आरोपीगणों को गिरफ्तार कर आवश्‍यक साक्ष्‍य संकलित कर अभियोग पत्र पांचो आरोपीगणों के विरूद्ध दिनांक 26.02.2020 को माननीय न्‍यायालय में प्रस्‍तुत किया गया था।
 

आरोपी भेरू की ओर से उसके अधिवक्‍ता द्वारा जमानत आवेदन पर तर्क प्रस्तुत किये गये थे कि वह निर्दोष है, उसे झूठा फसाया गया है और वह विचारण का सामना करना चाहता है। अभियोक्‍त्री स्‍वयं भेरू के साथ गयी थी, कोविड 19 महामारी के कारण प्रकरण के निराकरण में समय लगने की संभावना है। प्रकरण में अनुसंधान पूर्ण होकर चालान प्रस्‍तुत हो चुका है एवं अन्‍य सहअभियुक्‍तो में से करणसिंह, भेरूलाल पिता कारूलाल, शंभूलाल की पूर्व में जमानत हो चुकी है। इस कारण से समानता के आधार पर भैरू को भी जमानत पर रिहा किया जाए।

राज्य की ओर से विशेष लोक अभियोजक गौतम परमार द्वारा जमानत आवेदन पत्र का विरोध कर तर्क प्रस्तुत किये गये कि आरोपी द्वारा अपने अन्‍य साथी आरोपीगण के सहयोग से गंभीर प्रकृति का अपराध कारित किया गया है। माननीय न्यायालय ने अभियोजन के तर्कों से सहमत होकर तथा अभिलेख पर आरोपी भेरू के विरूद्ध मौजूद साक्ष्य के आधार पर उसका जमानत आवेदन इन आधारों पर निरस्त किया है कि आरोपी भेरू के द्वारा अभियोक्‍त्री को विवाह हेतु बहलाफुसला कर उसके माता पिता की संरक्षा से हटाकर ले गया और उसके साथ लैगिंक संबंध स्‍थापित किए। घटना दिनांक को अभियोक्‍त्री की आयु 18 वर्ष से कम होना परिलक्षित है तथा अभियुक्‍त भैरू का मामला सहअभियुक्‍तों से पूर्णत: भिन्‍न है। उक्‍त आधारों पर आरोपी भैरू का जमानत आवेदन निरस्‍त किया गया। 


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